Tuesday , November 30 2021
Home / उत्तर प्रदेश / अमेरिकी भविष्यवाणी : सितंबर तक भारत में 111 करोड़ कोरोना केस !

अमेरिकी भविष्यवाणी : सितंबर तक भारत में 111 करोड़ कोरोना केस !

लॉकडाउन के बावजूद देश में कोरोना वायरस संक्रमण के मामले लगातार बढ़ते जा रहे हैं, हालांकि उनके दोगुने होने की दर धीमी हुई है. इस बीच एक अमेरिकी संस्था ने भारत में कोरोना महामारी के बारे में सनसनीखेज भविष्यवाणी की है जो बेहद डरावनी है. अमेरिका स्थित सेंटर फॉर डिसीज, डायनेमिक्स ऐंड इकनॉमिक पॉलिसी (CDDEP) के मुताबिक सितंबर तक भारत में कोरोना वायरस संक्रमण के मामले बढ़कर 111 करोड़ तक जा सकते हैं, वह भी तब जब सख्त लॉकडाउन जारी रहे. इसका मतलब है कि देश की 85 प्रतिशत से ज्यादा आबादी इस खतरनाक वायरस की चपेट में होगी.

बिजनसलाइन में छपी रिपोर्ट के मुताबिक CDDEP ने 20 अप्रैल को जारी की गई अपनी रिपोर्ट में ये सनसनीखेज भविष्यमाणी की है. रिपोर्ट में कहा गया है कि अगर सख्त लॉकडाउन जारी रहे, सोशल डिस्टेंसिंग और आइसोलेशन के मानकों का इसी तरह आगे भी पालन होता रहे तब भी भारत में सितंबर तक कोरोना वायरस संक्रमण के 111 करोड़ मामले हो सकते हैं.

रिपोर्ट में अनुमान लगाया गया है कि तब भारत में कम से कम 55 करोड़ और अधिक से अधिक 138 करोड़ केस सामने आ सकते हैं. खास बात यह है कि भारत की कुल आबादी ही 130 करोड़ के करीब है. लिहाजा इस भविष्यवाणी की मानें तो देश की पूरी आबादी ही कोरोना की चपेट में होगी!

कहा गया है कि यह अनुमान उपलब्ध ताजा आंकड़ों पर आधारित है लेकिन इसमें अभी भी अनिश्चितता का पुट है यानी अनुमान गलत भी साबित हो सकता है. रिपोर्ट में दावा किया गया है कि फिलहाल जो सबूत मिल रहे हैं वे इस तरफ इशारा कर रहे हैं कि भारत की अच्छी-खासी आबादी में बिना लक्षण वाले या कम गंभीर संक्रमण के मामले दिख सकते हैं.

खास बात यह है कि इसी अमेरिकी संस्था ने 24 मार्च को भी इसी तरह की रिपोर्ट जारी की थी जिसमें कहा था कि भारत में 12 से 24 करोड़ लोग कोरोना से संक्रमित हो सकते हैं. CDDEP की उस रिपोर्ट को कुछ लोगों ने जॉन हॉपकिंस यूनिवर्सिटी की रिपोर्ट समझ ली थी. उसके बाद जॉन हॉपकिन्स यूनिवर्सिटी को इस बारे में स्पष्टीकरण देना पड़ा था.

 

loading...

Check Also

क्या 7 दिन बाद MP में हो जाएगा अंधेरा ! रोजाना 68 हजार मीट्रिक टन खपत, सतपुड़ा पावर प्लांट के पास 7 दिन का स्टॉक

मध्य प्रदेश में कोयले का संकट गहराने लगा है. बात करें बैतूल के सतपुड़ा पावर ...