Thursday , October 28 2021
Breaking News
Home / खबर / कोरोना: राजस्थान के लिए ये 3 हफ्ते रहे सबसे घातक, लॉकडाउन ने रोक ली तबाही, ग्राफ देखें

कोरोना: राजस्थान के लिए ये 3 हफ्ते रहे सबसे घातक, लॉकडाउन ने रोक ली तबाही, ग्राफ देखें

जयपुर. पूरे देश में कोरोना की दूसरी लहर का प्रभाव धीमा पड़ता जा रहा है। राजस्थान में भी कोरोना में पिछले कई दिनों से संक्रमित केसों में कमी आ रही है। पिछले 17 दिनों में राज्य में कोरोना संक्रमित केसों की संख्या भी 89 फीसदी तक कम हो गई। अचानक तेजी से आए डाउन फॉल को देखकर लोग आश्चर्य चकित हैं कि अचानक 15 दिन में स्थितियां इतनी कंट्रोल में कैसे आ गईं।

विशेषज्ञों से जब बात की तो उन्होंने इसे लॉकडाउन का असर बताया। 24 मई से चले जन अनुशासन पखवाड़ा और 10 मई से लगे सख्त लॉकडाउन का असर दिखने में 10-15 दिन लग गए। इस दौरान लोगों की भीड़ और आवाजाही बिल्कुल कंट्रोल में आ गई। लोग घरों में रहकर भी बेहद सतर्क रहे और फियर फैक्टर (लोगों में डर) भी इसका एक कारण माना जा रहा है। वहीं, विशेषज्ञों का ये भी कहना है कि अगर लॉकडाउन नहीं लगता तो इस लहर का कहर अभी भी ज्यादा समय तक बना रहता।

5 अप्रैल से बढ़ने लगे थे केसे, एक माह तक हर रोज 5 डिजिट में मिले संक्रमित मरीज
राजस्थान में कोरोना के केस दूसरी लहर में 5 अप्रैल से तेजी से बढ़ने लगे थे। 5 अप्रैल को पूरे राज्य में 2,429 केस आए थे, जो एक सप्ताह में 12 अप्रैल तक दोगुना से ज्यादा हो गए। 18 अप्रैल से तो केसों की संख्या 5 डिजीट में आनी शुरू हो गई, जो 17 मई यानी एक माह तक बनी रही। 2 मई को सबसे ज्यादा केस 18,298 केस एक दिन में आए थे। वहीं डेथ केस भी 11 अप्रैल के बाद तेजी से बढ़ने लगे थे। पूरे राज्य की स्थिति देखे तो दूसरी लहर में 57 दिनों (5 अप्रैल से 31 मई) के अंदर कुल 6 लाख 633 लोग संक्रमित हुए, जबकि 5,556 लोगों की कोरोना से मौत हुई है।

57 दिन यूं चली दूसरी लहर, ऐसे बढ़े केस

दिन केस मिले मौत
5 से 16 अप्रैल 55,984 243
17 से 23 अप्रैल 87,964 381
24 से 30 अप्रैल 1,14,728 786
1 से 7 मई 1,22,798 1176
8 से 14 मई 1,15,015 1126
15 से 21 मई 67,604 1003
22 से 31 मई 36,540 910

जयपुर में गई सबसे ज्यादा जाने, झालावाड़ में सबसे ज्यादा जानलेवा रहा कोरोना
राज्य की जिले वार स्थिति देखे तो जयपुर में कोरोना की दूसरी लहर में 57 दिनों (5 अप्रैल से 31 मई) के अंदर सबसे 1361 लोगों की जान गई, लेकिन कोरोना सबसे ज्यादा जानलेवा झालावाड़ जिले में रहा। यहां इन 57 दिनों के अंदर 9426 लोग संक्रमित हुए, जबकि इनमें से 159 की मौत हो गई यानी हर 59 में से एक मरीज की यहां कोरोना से जान गई। वहीं सबसे यह संक्रमण बारां जिले में सबसे कम जानलेवा रहा, यहां 9025 मरीज में से केवल 22 लोगों की जान गई यानी 410 में से एक मरीज कोरोना से हार गया।

मई के पहले सप्ताह में सबसे ज्यादा कहर
दूसरी लहर में मई का पहला सप्ताह (1-7 तक) सबसे ज्यादा घातक रहा। इस सात दिन के अंदर कुल 1.22 लाख लोग संक्रमित हुए। वहीं दूसरे सप्ताह में 1.15 लाख लोग कोरोना की चपेट में आए। इससे पहले अप्रैल के आखिरी सप्ताह (24-30 अप्रैल) में 1.14 लाख नये मरीज मिले थे। दूसरी लहर में ये तीन ऐसे सप्ताह रहे, जब संक्रमित केसों की संख्या एक लाख से ज्यादा रही।

5 बड़े शहरों की स्थिति, जहां 57 दिन में सबसे ज्यादा लोग पॉजिटिव हुए

शहर केस मौत रिकवर
जयपुर 1,21,907 1361 113400
जोधपुर 64,208 753 62,236
उदयपुर 41,767 527 39,862
अलवर 35,595 204 32,739
कोटा 34,598 267 33,780

40 फीसदी तक पहुंची संक्रमण की दर
राज्य में कोरोना की दूसरी लहर में पीक के समय औसतन संक्रमण दर 18 से 23 फीसदी के बीच रही। सबसे ज्यादा संक्रमण दर मई के दूसरे सप्ताह में 23.13 फीसदी रही। लेकिन अगर प्रतिदिन संक्रमण की दर देखे तो अप्रैल-मई के दौरान कुछ ऐसे दिन भी रहे जब संक्रमण की दर 30 फीसदी से ऊपर दर्ज हुई। 10 मई को यह सर्वाधिक 40 फीसदी दर्ज की गई थी। वहीं रिकवरी रेट भी एक समय बहुत डाउन हो गई थी। सबसे कम रिवकरी रेट एक मई को 69.67 फीसदी तक पहुंच गई थी।

5 शहरों की स्थिति, जहां 57 दिन में सबसे कम लोग पॉजिटिव हुए

शहर केस मौत रिकवर
जालौर 4286 19 4283
बूंदी 4649 25 4440
करौली 5419 45 5103
प्रतापगढ़ 5511 32 5236
टोंक 5687 47 5257
loading...

Check Also

खूबसूरत जेलीफिश को देखने नजदीक जाना पड़ेगा महंगा, 160 फीट लंबी मूछों में भरा है जहर

लंदन (ईएमएस)। पुर्तगाली मैन ओवर नाम की जेलीफिश आजकल ब्रिटेन के समुद्र किनारे आतंक मचा ...